ख्वाजा ग़रीब नवाज़ की विचारधारा को मानने वाले ज़ालिम नहीं हो सकते : सय्यद मोहम्मद अशरफ

24 मार्च/ अजमेर
चिश्ती मंज़िल दरगाह अजमेर शरीफ में आल इन्डिया उलमा व मशाइख बोर्ड ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की जिसकी अध्यक्षता बोर्ड के संरक्षक हज़रत मौलाना सय्यद मेहदी मियाँ चिश्ती साहब ने की। उन्होंने कहा कि दुनिया में जिस तरह बारूद की बू फ़ैल गई है उसे वापिस खुशबूदार बनाने के लिए मोहब्बत वाली खुशबू चाहिए जो गरीब नवाज़ के दर के फूलों से आती है ।हज़रत ने कहा कि गरीब नवाज़ मिशन इंसानियत की सेवा है तड़पती हुई इंसानियत का इलाज गरीब नवाज़ ने किया और अबतक उनके मिशन पर चलने वाले यह काम कर रहे हैं।हज़रत ने सभी उर्स की मुबारकबाद दी। वर्ल्ड सूफी फोरम एवं आल इन्डिया उलमा व माशाइख़ बोर्ड के संस्थापक व अध्यक्ष हज़रत सय्यद मोहम्मद अशरफ किछौछवी ने प्रेस को संबोधित करते हुए कहा कि इस बारगाह से हमेशा मोहब्बत की तालीम मिली है, यहां लोगो को गले लगाना सिखाया जाता है, गला काटने की बात करने वालों का यहां से कोई वास्ता नहीं। इस बात से यह पहचान करना आसान है कि दहशतगर्द कौन हैं।
हज़रत ने कहा कि हम ख्वाजा के दर से इराक़ में दहशतगर्दों के ज़रिए भारतीय नागरिकों को क़त्ल किए जाने की कड़ी निंदा करते हैं साथ ही यह ऐलान फिर से करते हैं कि इन दहशतगर्दों का इस्लाम से कोई वास्ता नहीं, न सिर्फ इस्लाम बल्कि दुनिया के किसी भी धर्म से इनका ताल्लुक नहीं, क्योंकि मजहब मोहब्बत की तालीम देते हैं।
उन्होंने पूरी दुनिया के लोगों को उर्स गरीब नवाज़ की मुबारकबाद देते हुए कहा कि आईये गरीब नवाज़ के पैगाम “मोहब्बत सबके लिए नफरत किसी से नहीं” को आम करते हुए आपसी दूरियां मिटा दी जाए और देश में अमन की फिजा को और मजबूत किया जाए।
बोर्ड के राष्ट्रीय कार्यकारणी सदस्य हज़रत सय्यद अम्मार अहमद अहमदी उर्फ नय्यर मिंया ने कहा कि सूफिया की तालीम मज़लूम की हिमायत है न की ज़ुल्म करना, गरीब नवाज़ की बारगाह में असली हिन्दुस्तान दिखता है जहां बिना मजहब का फर्क किए, रंगो नसल का इम्तियाज़ किए बिना लोग मोहब्बत के साथ आते हैं और लंगर खाते हैं। उन्होंने कहा, गरीब नवाज़ की बारगाह में आकर वासुदेव कुटंबुकम की जो धारणा है वह दिखाई देती है।
बोर्ड के राष्ट्रीय संयुक्त सचिव हाजी सय्यद सलमान चिश्ती ने सभी लोगों को ख्वाजा गरीब नवाज़ के 806 वे उर्स की मुबारकबाद दी और कहा कि आल इन्डिया उलमा व मशाइख बोर्ड हुज़ूर गरीब नवाज़ के मिशन को लेकर आगे चल रहा है, हम हर तरह की नफरत का कड़ा विरोध करते हैं, हमारा मिशन गरीब नवाज़ का मिशन है, यानी हर मज़लूम की हिमायत करना और सबके साथ मोहब्बत का सुलूक करना है।उन्होंने कहा,हम विश्व बंधुत्व का संदेश देते हैं, हम सब मिलकर पूरी दुनिया को मोहब्बत से जीत लें और नफरतों को हरा दें।

By: यूनुस मोहानी