आतंकवादी इंसानियत के दुश्मन : सय्यद मोहम्मद अशरफ

आतंकवादी इंसानियत के दुश्मन बेगुनाहों के खून के प्यासे –सय्यद अशरफ

28 जनवरी /लखनऊ ‘आतंकवादी इंसानियत के दुश्मन , बेगुनाहों के खून के प्यासे “यह बात काबुल में हुए आतंकी हमले के कड़ी निंदा करते हुए आल इंडिया उलमा व मशायख बोर्ड के संस्थापक अध्यक्ष हज़रात सय्यद मोहम्मद अशरफ किछौछ्वी ने मीडिया से कही .उन्होंने साफ़ कहा इंसानियत के दुश्मन धर्म का चोला ओढ़ कर अलग अलग जगह अलग अलग नाम से हिंसा फैला रहे हैं इन्हें धर्म से नहीं जोड़ा जाना चाहिए और इन्हें इंसानियत का दुश्मन जान कर हर कीमत पर रोका जाना चाहिए .

उन्होंने कहा सिर्फ अफगानिस्तान ही नहीं पूरा संसार आतंक की मार झेल रहा है भारत हो या दुसरे देश सभी को इससे निपटने के लिए कड़े कदम उठाने होंगे कट्टरपंथ को रोकना होगा चाहे वह किसी भी धर्म के नाम पर हो .

हज़रत ने देश में हो रही हिंसक घटनाओं पर भी अफ़सोस ज़ाहिर करते हुए कहा कि हम कैसा समाज बना रहे हैं जहाँ गणतंत्र दिवस पर तिरंगे के नाम पर हिंसा हो रही है ,हमारी मिलीजुली गंगा जमुनी तहजीब खतरे में है हमारे देश के विकास को थामने के लिए यह जो अशांति फैलाई जा रही है वह बहुत खतरनाक है .उन्होंने कहा कि दंगो पर राजनीत ठीक नहीं राजनेताओं को इसे समझना होगा कि जनप्रतिनिधि किसी धर्म का नहीं होता वह पूरे क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करता है अतः उसे सौहार्द्य को बढाने के लिए काम करना चाहिए न कि लाशों पर राजनीत .

आतंकवाद जिस तरह पैर पसार रहा है उससे पूरा संसार विनाश के मुहाने पर खड़ा है इस कठिन समय में मोहब्बत को हथियार बनाया जाना चाहिए ताकि नफरत को खतम किया जा सके .

By: Yunus Mohani